लखनऊ में सजी खेल हस्तियों की महफ़िल, सबा करीम को मिला विशेष सम्मान

पूर्व रणजी खिलाड़ी यूसुफ अली, अशोक बांबी सहित तमाम दिग्गज सम्मानित
लखनऊ : लखनऊ स्पोर्ट्स जर्नलिस्ट एसोसिएशन एवं ग्रेस स्पोर्ट्स की ओर से बुधवार को गोल्फ क्लब, लखनऊ में एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य खेल जगत में योगदान देने वाले दिग्गज खिलाड़ियों, प्रसारकों और प्रशिक्षकों को सम्मानित करना था। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज़ और बीसीसीआई के महाप्रबंधक (क्रिकेट संचालन) में अहम भूमिका निभा चुके एवं वर्तमान में जाने-माने क्रिकेट कमेंटेटर सबा करीम को इस मौके पर विशेष सम्मान दिया गया। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि सबा करीम ने भारतीय क्रिकेट में न सिर्फ खिलाड़ी के रूप में, बल्कि चयन समिति के सदस्य के तौर पर भी अहम भूमिका निभाई है।
समारोह में पूर्व क्रिकेटर यूसुफ अली के साथ-साथ पूर्व रणजी क्रिकेटर अशोक बांबी को भी सम्मानित किया गया। दोनों ही खिलाड़ी उत्तर प्रदेश टीम के मजबूत स्तंभ रहे हैं और कई उभरते क्रिकेटरों को प्रेरणा देते रहे हैं। इसके अलावा यूपी टी-20 लीग के ब्रॉडकास्टर को भी सम्मानित किया गया। इस मौके पर दिव्य नौटियाल ने कहा कि खेलों को आम दर्शकों तक पहुंचाने में ब्रॉडकास्टर की अहम भूमिका होती है और इसी कारण उन्हें इस मंच से सम्मान दिया गया। इस मौके पर यूसुफ अली, मुन्नवर अंजार, मनीष मलहोत्रा, अनुराग श्रीवास्तव, मुज्जदीद बेग, अमीर शरीफ और शारद कपूर को भी लखनऊ स्पोर्ट्स जनलिस्ट एसोसिएशन एवं ग्रेस स्पोर्ट्स की तरफ से सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में खेल जगत और मीडिया से जुड़ी कई हस्तियां मौजूद रहीं। इनमें एसोसिएशन के सचिव एस.एम. अरशद, एसोसिएशन के फाउंडर मेम्बर दिव्य नौटियाल (जिन्होंने पूरे कार्यक्रम का संचालन किया), ग्रेस स्पोर्ट्स के सचिव इशरत अली, एलडीए स्टेडियम के मुख्य कोच गोपाल, पूर्व रणजी खिलाड़ी यूसुफ अली, यूपी जूडो एसोसिएशन के महासचिव एवं अंतरराष्ट्रीय निर्णायक मुनव्वर अंजार, स्पोर्ट्स गैलेक्सी अकादमी के मनीष मल्होत्रा, अनुराग श्रीवास्तव, मुज्जदीद बेग, अमीर शरीफ और शरद कपूर शामिल रहे। इस मौके पर दिव्य नौटियाल एवं सचिव एस.एम. अरशद ने कहा कि ऐसे आयोजन न सिर्फ खिलाड़ियों के हौसले को बढ़ाते हैं, बल्कि यह खेल पत्रकारिता और खेल जगत के बीच आपसी सहयोग को भी मजबूत करते हैं। साथ ही, यह नई पीढ़ी को यह संदेश देता है कि मेहनत और संघर्ष का फल हमेशा सम्मान और पहचान के रूप में मिलता है।